जल्लीकट्टू Jallikattu तमिलनाडु राज्य के मदुरै में जल्लीकट्टू (Jallikattu) कार्यक्रम में ज़िला प्रशासन और पुलिस द्वारा सुरक्षा नियमों को लागू करने से दुर्घटनाओं को कम करने में मदद मिली है। जल्लीकट्टू मुख्य बिंदु: जल्लीकट्टू का आयोजन प्रत्येक वर्ष जनवरी में पोंगल (फसलों की कटाई के त्योहार) के अवसर पर किया जाता है। जल्लीकट्टू, तमिलनाडु का लगभग 2000 साल पुराना एक प्राचीन पारंपरिक खेल है इस आयोजन में हर साल लोग गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं यहाँ तक कि उनकी मौत भी हो जाती है। जल्लीकट्टू तमिल भाषा के दो शब्दों ‘जल्ली’ और ‘कट्टू’ से मिलकर बना है, जिसका अर्थ है साँड़ के सींग पर सोने या चाँदी के बांधे गए सिक्के। इस खेल में साँड़ की सींगों में सिक्के या नोट फँसाए जाते हैं और फिर उन्हें भड़काकर भीड़ में छोड़ दिया जाता है, ताकि लोग साँड़ की सींगों को पकड़कर उन्हें काबू में करें। JalliKattu जल्लीकट्टू जल्लीकट्टू Tamilnadu